सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों के पालन में ग्राम पंचायतों में चला व्यापक जागरूकता अभियान, ग्रामीणों ने लिया स्वच्छ गांव बनाने का संकल्प
खैरागढ़, । जिले की ग्राम पंचायतों में शनिवार को स्वच्छता एवं पर्यावरण संरक्षण को लेकर विशेष जनजागरण अभियान चलाया गया। माननीय सर्वोच्च न्यायालय के निर्देशों तथा जिला प्रशासन के आदेशानुसार खैरागढ़-छुईखदान-गण्डई जिले की विभिन्न ग्राम पंचायतों में विशेष ग्राम सभाओं का आयोजन कर ठोस अपशिष्ट प्रबंधन नियम-2026 का वाचन किया गया। ग्राम सभाओं के माध्यम से ग्रामीणों को स्वच्छता, कचरा पृथक्करण और पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूक किया गया।
ग्राम सभाओं में अधिकारियों एवं पंचायत प्रतिनिधियों ने बताया कि ठोस अपशिष्ट प्रबंधन नियम-2026 एक अप्रैल 2026 से प्रभावी हो चुका है तथा इसके पालन की निगरानी सर्वोच्च न्यायालय स्तर पर की जा रही है। इस दौरान गांवों में स्वच्छता व्यवस्था को मजबूत बनाने और प्रत्येक नागरिक की भागीदारी सुनिश्चित करने पर विशेष जोर दिया गया।
बैठकों में ग्रामीणों को घर-घर से नियमित कचरा संग्रहण, गीले एवं सूखे कचरे को अलग-अलग रखने तथा प्लास्टिक एवं पॉलीथिन के उपयोग को कम करने के लिए प्रेरित किया गया। सार्वजनिक स्थानों, सड़कों, नालियों, तालाबों और सामुदायिक परिसरों में स्वच्छता बनाए रखने की अपील करते हुए कहा गया कि स्वच्छ गांव ही स्वस्थ समाज की पहचान है।
ग्राम सभाओं में यह जानकारी भी दी गई कि अब प्रत्येक घर से शत-प्रतिशत कचरा उठाव एवं निर्धारित यूजर चार्ज लेना अनिवार्य होगा। साथ ही कचरा जलाने और सार्वजनिक स्थलों पर कचरा फैलाने वालों पर तत्काल जुर्माना लगाए जाने के प्रावधानों की जानकारी भी ग्रामीणों को दी गई।
कार्यक्रमों में सरपंच, पंच, ग्राम सचिव, स्वच्छग्राही दीदियां, जनप्रतिनिधि एवं बड़ी संख्या में ग्रामीण शामिल हुए। ग्रामीणों ने सामूहिक रूप से अपने गांवों को स्वच्छ, सुंदर एवं प्रदूषणमुक्त बनाने में सक्रिय सहयोग देने का संकल्प लिया।
जिला प्रशासन ने बताया कि नियमों के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए जिला स्तर पर विशेष निगरानी सेल गठित किया जाएगा। साथ ही स्वच्छता एवं कचरा प्रबंधन में उत्कृष्ट कार्य करने वाली ग्राम पंचायतों को सम्मानित भी किया जाएगा, ताकि गांवों में स्वच्छता को जनआंदोलन का रूप दिया जा सके।




